उरई। जालौन जिले के पुलिस अधीक्षक डॉ. दुर्गेश कुमार का स्थानांतरण कर दिया गया है। उन्हें अब अयोध्या में 6वीं वाहिनी एसएएफ का सेनानायक बनाया गया है। उनकी जगह विनय कुमार सिंह को जालौन का नया एसपी नियुक्त किया गया है, जो इससे पहले लखनऊ में एटीएस में तैनात थे।
डॉ. दुर्गेश कुमार का कार्यकाल जिले के हालिया एसपी में सबसे लंबा रहा। उन्होंने 18 जून 2024 को पदभार संभाला था और 30 मार्च 2026 तक अपनी जिम्मेदारी निभाई। इस तरह उनका कुल कार्यकाल लगभग 1 वर्ष 9 माह से अधिक का रहा। जालौन में अब तक 80 से अधिक एसपी तैनात हो चुके हैं, लेकिन उनका कार्यकाल सबसे चर्चित रहा।
अपने कार्यकाल के दौरान डॉ. दुर्गेश ने अपराध और अपराधियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया। कई बड़े मामलों का खुलासा करते हुए उन्होंने कानून-व्यवस्था को मजबूत करने का काम किया। उनकी कार्यशैली का असर यह रहा कि बीते कई महीनों तक जिला डैशबोर्ड रैंकिंग में जालौन लगातार टॉप-10 में बना रहा।
उनके कार्यकाल में कई अहम घटनाओं पर तेजी से कार्रवाई हुई। कालपी बस स्टैंड प्रकरण में मुख्य आरोपियों पर रासुका लगाई गई और सख्त कार्रवाई की गई। कैलिया दुष्कर्म मामले में त्वरित जांच कर 46 दिनों में आरोपी को सजा दिलाई गई। कोंच डकैती कांड में पुलिस ने मुठभेड़ के बाद आरोपियों को गिरफ्तार किया। वहीं, इंस्पेक्टर अरुण राय हत्याकांड में आरोपी महिला सिपाही के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई।
इसके अलावा कैलिया हत्याकांड का 48 घंटे में खुलासा, एट क्षेत्र में चोरी की घटना का पर्दाफाश और फौजी के घर डकैती जैसे मामलों में भी पुलिस ने सफलता हासिल की।
डॉ. दुर्गेश के कार्यकाल की एक खास बात यह भी रही कि उन्होंने एक निर्दोष व्यक्ति को जेल जाने से बचाया। एट थाना क्षेत्र में ट्रक चालक की मौत को पहले हादसा माना गया था, लेकिन जांच में मामला रोडरेज निकला। इसके बाद वास्तविक आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
अब नए एसपी विनय कुमार सिंह के सामने जिले में कानून-व्यवस्था को बनाए रखने और अपराध पर नियंत्रण रखने की जिम्मेदारी होगी।



